Dowry Free India

इन्होनें दहेज_मुक्त_विवाह किया है
इनकी जितनी तारिफ की जाए उतनी कम है।🙏
पंजाब जिला होशियारपुर के बलजिंदर की रमैनी (शादी) राधिका से साथ बगैर किसी लेनदेन से संपन्न हुई ।

इस शादी की खास बात यह थी कि इसमें कोई बैंड बाजा, डीजे और  बरात नहीं थी घर के 5 बड़े सदस्य लड़की वालों के घर गए और अपने गुरु जी के  वचनों से 17 मिनट मे शादी संपन्न हुई। 

संत रामपाल जी महाराज जी के आदेश से उनके शिष्य संसार की सभी रीति-रिवाजों, ऊंच नीच, जात पात आदि कृतियों का खंडन करके उनके वचनों पर चल रहे हैं जिससे समाज को एक अच्छी दिशा मिल रही है।

 आजकल  हम लोग अखबारों, न्यूज़ चैनलों पर आम देखते हैं कि दान दहेज की वजह से अनेकों लड़कियों  पर अत्याचार होते हैं लोग लड़कियों को अपने ऊपर एक बोझ समझते हैं और जिसकी वजह से वह उनको पैदा होने से पहले ही पेट में हत्या करवा देते हैं जिसको भ्रूण हत्या बोलते हैं।

 अपने गुरु जी के आदेश से उनके भक्त, समाज को एक अच्छी दिशा दे रहे हैं जिससे बिना कोई खर्च किए सिंपल ढंग से शादियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। जिसकी वजह से गरीब परिवारों पर और जिस  पिता की दो या तीन लड़कियां हो वह अपने लड़कियों की शादी अच्छे तरीके से कर सकता है, उनको अपने ऊपर बोझ नहीं समझेगा। कुछ लोग ऐसा सोचते हैं कि हम अपनी लड़की या लड़के की शादी धूमधाम से करेंगे परंतु वह यह नहीं सोचते कि इससे समाज को अच्छा संदेश नहीं जाएगा उनकी देखा देखी मे हर आदमी की यही सोच होती है उसके लड़के या लड़की की शादी ऐसे ही हो बल्कि  इस से भी बढ़कर हो, यदि हर एक परिवार संत रामपाल जी महाराज के बताए हुए विचारों के साथ चलेगा, तो संसार मे स्वच्छता लाई जा सकती है।

शादियों पर फ़िजूल खर्च करने से किसी गरीब की हेल्प की जा सकती है। कुछ लोग ऐसा सोचते हैं कि यदि हम ऐसे शादी करेंगे तो उनके  रिश्तेदार उनसे नाराज हो जाएंगे, मेरी उन परिवारों के आगे यही विनती है कि वह एक बार संत रामपाल जी महाराज जी के विचार जरूर सुने असल में वे ऐसा करके करना क्या चाहते हैं।

 दोस्तों गरीब आदमी को उनके ही बनाए हुए रीति-रिवाजों से कुचला जा रहा है रात दिन बढ़ते हुए रिवाज हमारे ऊपर हावी होते जा रहे हैं उन से बचना चाहिए रीति-रिवाजों को हमने ही बनाया है और हम ही इनका खंडन करेंगे।

Dowry_free_marriage under the leadership  SaintRampalJi

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