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Father's day

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  Father’s Day 2021 [Hindi]: फादर्स डे पर जानिए कौन है हमारा सच्चा पिता, जो हमारी हमेशा मदद करता है Hindi News   News   Teachings June 20, 2021 SA NEWS 1 Comment On Father’s Day 2021 [Hindi]: फादर्स डे पर जानिए कौन है हमारा सच्चा पिता, जो हमारी हमेशा मदद करता है Last Updated on 20 June 2021, 12:30 PM IST:   Father’s Day in Hindi:  सभी देश हर साल फादर्स डे मनाते है। जिस तरह मां के सम्मान में पूरी दुनिया मदर्स डे यानी मातृ दिवस मनाती है, उसी तरह पिता के सम्मान में फादर्स डे यानी पितृ दिवस मनाया जाता है। विश्व के कई देशों में अलग-अलग तारीख और दिन पर इसे मनाया जाता है। वहीं, भारत सहित कई देशों में जून महीने के तीसरे रविवार को फादर्स डे मनाया जाता है। 20 जून को फादर्स डे है और इस मौके को सेलिब्रेट करने के लिए इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप WhatsApp ने स्टीकर पैक लॉन्च किया है जिसका नाम “Papa mere Papa” है। इस स्टीकर पैक को एंड्रॉइड और iOS दोनों के लिए ही रोलआउट कर दिया गया है।  Contents     hide   2021 में फादर्स डे कब मनाया जाता है? Father’s Day in Hindi: ...

dhan terash

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BLOGS Dhanteras 2020 [Hindi]: इस धनतेरस पर पहचानिए सच्चिदानंद परमात्मा को  S A NEWS ,  Updated : Nov-12-2020 07:54 AM    0     Dhanteras 2020 Hindi:  धनतेरस की पूजा, दिवाली की शुरुआत है। यह कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष के तेरहवें दिन (त्रयोदसी) को शुरू होता है। अंग्रेज़ी कैलेंडर के अनुसार, यह प्रत्येक वर्ष अक्टूबर-नवंबर में मनाया जाता है। इस साल, धनतेरस 13 नवंबर, 2020 को मनाया जाएगा और उसके बाद 14 नवंबर को दीवाली/दीपावली, 15 नवंबर को गोवर्धन पूजा और 16 नवंबर को भाई दूज मनाया जाएगा। Contents     hide   1   Dhanteras 2020 Hindi: जानिए धनतेरस क्योंं मनाया जाता हैं तथा क्या है इसकी कथा? 2   धनतेरस को लेकर लोगों की आमधारणा व अंधविश्वास क्या-क्या हैं? 3   Dhanteras 2020 Hindi: भारत सबसे अधिक हिंदू आबादी वाला देश है 4   Dhanteras 2020 Hindi: लक्ष्मी की पूजा करने के बावजूद भारतीय गरीब क्यों? 5   हम सभी देवी देवताओं की इतनी भक्ति करते हैं फिर भी हम दुखी क्यों हैं? 6   ईश्वर से हमें क्या मांगना चाहिए? 7   तीन देवताओ...

करवा चौथ

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BLOGS करवा चौथ 2020: क्या Karwa Chauth पर व्रत रखना सही है?  करवा चौथ 2020:  करवा चौथ को विवाहिताओं के लिए सजने और संवरने का दिन माना जाता है। इस दिन महिलाएं अन्न और जल का त्याग कर पति की लंबी आयु के लिए ईश्वर से कामना करती हैं। यह दिन प्रेम, श्रृंगार और आस्था से ओतप्रोत रहता है। इस करवाचौथ पर हम जानेंगे कि क्या यह व्रत गीता अनुसार करना सही है? जानिए करवाचौथ व्रत की तिथि, विधि, हर सुहागन स्त्री की कामना, कैसे बढ़ाएं आयु, मानव जीवन का मूल उद्देश्य और अटल सुहाग ,शास्त्र विरूद्ध भक्ति के दलदल से निकलने के मार्ग के बारे में। किस दिन है करवा चौथ 2020 करवा चौथ का व्रत कार्तिक माह की चतुर्थी को रखा जाता है, यही कारण है कि इसको करवा चौथ कहते हैं। इस वर्ष 4 नवंबर, 2020 (बुधवार का दिन) को करवा चौथ का व्रत रखा जाएगा। करवा चौथ का व्रत रखने वाली महिलाएं पूरे दिन जल की एक भी बूंद नहीं पीतीं और भोजन का एक कण भी नहीं खाती हैं यह एक तरह का निर्जला व्रत भी है। जिससे शरीर को कठोर कष्ट दिया जाता है। शाम को करवा चौथ की कथा सुनने और रात में चांद को अर्घ्य देने के बाद औरतें अपना व्रत पूरा करती हैं। ...

Dowry Free India

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इन्होनें दहेज_मुक्त_विवाह किया है इनकी जितनी तारिफ की जाए उतनी कम है।🙏 पंजाब जिला होशियारपुर के बलजिंदर की रमैनी (शादी) राधिका से साथ बगैर किसी लेनदेन से संपन्न हुई । इस शादी की खास बात यह थी कि इसमें कोई बैंड बाजा, डीजे और  बरात नहीं थी घर के 5 बड़े सदस्य लड़की वालों के घर गए और अपने गुरु जी के  वचनों से 17 मिनट मे शादी संपन्न हुई।  संत रामपाल जी महाराज जी के आदेश से उनके शिष्य संसार की सभी रीति-रिवाजों, ऊंच नीच, जात पात आदि कृतियों का खंडन करके उनके वचनों पर चल रहे हैं जिससे समाज को एक अच्छी दिशा मिल रही है।  आजकल  हम लोग अखबारों, न्यूज़ चैनलों पर आम देखते हैं कि दान दहेज की वजह से अनेकों लड़कियों  पर अत्याचार होते हैं लोग लड़कियों को अपने ऊपर एक बोझ समझते हैं और जिसकी वजह से वह उनको पैदा होने से पहले ही पेट में हत्या करवा देते हैं जिसको भ्रूण हत्या बोलते हैं।  अपने गुरु जी के आदेश से उनके भक्त, समाज को एक अच्छी दिशा दे रहे हैं जिससे बिना कोई खर्च किए सिंपल ढंग से शादियों को बढ़ावा दिया जा रहा है। जिसकी वजह से गरीब परिवारों पर और जिस...

Dowry Free India

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Dowry Free India | A Short Video | Sant Rampal Ji दहेज का खात्मा This short video showcases the scenario of a girl named "Diksha" who visits a family of disciples of Sant Rampal Ji and gets astonished to discover that the family considers accepting and giving dowry a sin.  Despite numerous efforts by the government, this demon of dowry remains an unscalable mountain to climb. Millions of families have been destroyed by this curse of dowry.  By following the teachings of Sant Rampal Ji, this social evil along with many others is being eradicated at grass root level. The disciples of Sant Rampal Ji are setting a precedent by shunning dowry. In this way a very noble society is being created. By denouncing dowry & ostentations a sense of calm and peace is beginning to prevail in the civil society.

कांवड़ यात्रा का महत्व और इतिहास

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कांवड़ यात्रा का महत्व और इतिहास कांवड़ यात्रा: मनोकामना पूर्ति के लिए गंगाजल से करते हैं शिव का अभिषेक अपनी मनोकामना लेकर शिवभक्त नंगे पाव काशी, ऋषिकेश, हरिद्वार, गोमुख, देवघर, बैद्यनाथ आदि जगह से शिवलिंग पर चढ़ाने के लिए पवित्र गंगाजल लेकर आते है। घर आकर शिवरात्रि के दिन अपने घर के पास वाले शिव मन्दिर में जाकर शिवलिंग का अभिषेक उसी गंगा जल से करते है। इसे ही  कांवड़ यात्रा  कहते है।  कांवड़ यात्रा के पीछे कई पौराणिक कहानियां हैं. लेकिन पुराणों के मुताबिक, सबसे ज्यादा प्रचलित कहानी श्रावण के महीने में  समुद्र मंथन  से संबंधित है. समुद्र मंथन के दौरान महासागर से निकले विष को पी लेने के कारण भगवान शिव का कंठ नीला हो गया. ... यहीं से कावड़ यात्रा की प रंपरा की भी शुरुआत  हो गई. सावन का महीना भगवान शिवजी का महीना माना जाता है। इस महीने में भक्त भगवान शिवजी को खुश करने के लिए अलग-अलग तरीकों से उनकी पूजा करते हैं। इन्हीं तरीकों में से एक है कांवड़ से पवित्र जल लाकर भगवान शिव को अर्पित करना। इसी के चलत सावन के महीने में भगवान भोलेनाथ के भक्त केसरिया रंग में रंगे ...